वैचारिकी

जीवन का सामाजिक ध्येय

दीनदयाल उपाध्याय व्यक्ति को अपनी धारणा के लिए शारीरिक, मानसिक, बौद्धिक और आध्यात्मिक-सभी प्रकार के स...

‘एकात्म मानववाद का दर्शन न केवल भारत अपितु सम्पूर्ण विश्व की समस्याओं का समाधान करने में सक्षम है’

भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री जगत प्रकाश नड्डा ने 11 फरवरी को नई दिल्ली स्थित पार्टी...

आत्मिक सुख की आवश्यकता

दीनदयाल उपाध्याय अंतिम भाग एक बार लखनऊ के अस्पताल में एक लड़का आया था, उसे बहुत पहले भेड़िए उठाकर ले...

आत्मिक सुख की आवश्यकता

गतांक से आगे दीनदयाल उपाध्याय एक बार का मुझे अनुभव है। यह पिछली लड़ाई के समय की बात है। उस समय गाड़ी...

आत्मिक सुख की आवश्यकता

दीनदयाल उपाध्याय व्यक्ति को केवल शारीरिक सुख ही नहीं, मानसिक, बौद्धिक और आत्मिक सुख की भी लालसा रहती...

जनतंत्र और राजनीतिक दल

 -दीनदयाल उपाध्याय अधिकांश भारतीय जनता जनतांत्रिक जीवन की आकांक्षी है; किंतु इधर अनेक एशियाई देशों म...

समाजवाद और लोकतंत्र

दीनदयाल उपाध्याय यद्यपि भारत में समाजवादी विचार और समाजवादी पार्टियां उस समय से ही विद्यमान हैं, जब...