पांच ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनेगा भारत


मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला बजट सही मायनों में पूरे देश की आशा, विश्वास एवं आकांक्षाओं को प्रतिबिंबित कर रहा है। जैसाकि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कहा था कि ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मंत्र में ‘सबका विश्वास’ के लिए भी प्रतिबद्ध होना पड़ेगा, यह बजट सर्वसमावेशी एवं भविष्योन्मुखी संकल्प के साथ भारत को नई ऊंचाई देने वाला साबित हो रहा है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी पर पूरे राष्ट्र ने एक जबरदस्त जनादेश के माध्यम से अपनी आशाओं एवं आकांक्षाओं का दारोमदार छोड़ा है। साथ ही, एकजुट होकर सभी देशवासी अपने सपनों को साकार करने के लिए अथक परिश्रम के लिए तैयार हैं। जैसाकि प्रधानमंत्री ने कहा था कि पिछले पांच वर्ष देश की मूलभूत आवश्यकताओं के लिए था और आने वाला पांच वर्ष देश की आकांक्षाओं के लिए होगा। इस बजट ने इसी संकल्प को आगे बढ़ाते हुए समाज के हर वर्ग तथा देश के हर पहलू का ध्यान रखा है। वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण नए भारत के लिए एक जनप्रिय, विकासपरक, भविष्योन्मुखी बजट प्रस्तुत करने के लिए बधाई की पात्र हैं।

यह बजट आंकड़ों की बाजीगरी से हटकर विकास के एक नए मार्ग को प्रशस्त करता है, जिसमें हर एक चुनौती पर विजय पाने की इच्छाशक्ति दिखती है। एक ओर जहां इस बजट से छोटे उद्योग, स्टार्ट अप और मेक इन इंडिया की अवधारणा मजबूत होगी, वहीं दूसरी ओर महिला एवं बाल स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देकर एक स्वस्थ समाज की नींव रखने का प्रयास किया गया है। इसमें देश के किसानों को निर्यातक की भूमिका में तैयार कर उनके आय को दोगुना करने की राह पर कदम बढ़ाने की संकल्पशक्ति दिखती है। एक और बात जो अत्यंत महत्वपूर्ण है, वह है पर्यावरण पर जोर तथा प्रदूषणमुक्त नदियां एवं आकाश। देश में आधारभूत संरचना के आधुनिकीकरण एवं विकास के साथ–साथ डिजिटल इकॉनॉमी, चंद्रयान, गगनयान और अनेक उपग्रह की योजना से स्पष्ट है कि देश अब विज्ञान एवं तकनीक के क्षेत्र में भी नेतृत्व देने की क्षमता विकसित करने की ओर अग्रसर है। इन सभी अभिनव पहल के साथ ‘मिनिमम गवर्नमेंट, मैक्सिमम गवर्नेंस’ के मंत्र को जन भागीदारी के माध्यम से प्राप्त करने का लक्ष्य लोकतांत्रिक सिद्धांतों की विजय है।

भविष्य के लिए पूरे देश का पथ प्रशस्त करते हुए इस बजट ने मोदी सरकार के पहले कार्यकाल के पांच बजटों से मिले मजबूत आधार पर एक भव्य भारत के निर्माण की ओर कदम बढ़ाया है। टैक्स संरचना का सरलीकरण, आधारभूत संरचना का आधुनिकीकरण, जनभागीदारी को बढ़ाते हुए व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी एवं उत्तरदायी कर गरीब, वंचित एवं शोषित को अपने केन्द्र में इस बजट ने रखा है। भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अमित शाह ने ठीक ही कहा कि पिछले पांच वर्षों में सरकार ने किसान, गरीब, दलित एवं अन्य वर्गों के सशक्तिकरण के लिए अनेक कदम उठाये और अब आने वाले पांच वर्षों में इसी सशक्तिकरण से ये वर्ग देश की शक्ति बन जायेंगे। इसी शक्ति केन्द्र से देश आने वाले पांच वर्षों में पांच ट्रिलियन की अर्थव्यवस्था बन जाएगी। आज जबकि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की करिश्माई एवं दूरदर्शी नेतृत्व में देश नित नवीन ऊंचाइयों को छू रहा है, ‘अंत्योदय’ के दर्शन पर अटूट विश्वास के कारण गरीब से गरीब व्यक्ति को विकास की मुख्यधारा से तीव्र गति से जोड़ा जा रहा है। मोदी सरकार के सभी बजटों में प्रधानमंत्री की गरीब, वंचित एवं शोषित के लिए प्रतिबद्धता के अनुरूप अनेक अभिनव कल्याणकारी योजनाएं देश में लागू हुई हैं। आज जब पूरा देश ‘न्यू इंडिया’ के सपनों को साकार करने में लगा है, यह बजट देश को 5 ट्रिलियन अर्थव्यवस्था बनाने की जन अपेक्षाओं पर पूरा तरह खरा उतरता है।

                                                                                                                                                       shivshakti@kamalsandesh.org