आजादी के बाद राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने का सबसे बड़ा कदम : अमित शाह

भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अमित शाह ने 18 जून को प्रसिद्ध उद्योगपति एवं समाजसेवी श्री रतन टाटा के साथ असम की भारतीय जनता पार्टी सरकार एवं टाटा ट्रस्ट के संयुक्त तत्वाधान में गुवाहाटी में एक साथ 19 कैंसर अस्पतालों का शिलान्यास किया और इस अवसर पर आयोजित समारोह को संबोधित किया। उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में असम की भाजपा-नीत सर्बानंद सोनोवाल सरकार की राज्य के गरीबों के उत्थान एवं विकास के प्रति प्रतिबद्धता की सराहना करते हुए कहा कि गांव, गरीब, किसान, दलित, शोषित, आदिवासी, युवा एवं महिलाओं के जीवन का कल्याण ही प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार और भारतीय जनता पार्टी की राज्य सरकारों की प्राथमिकता है।
भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि आज असम में एक साथ कैंसर की तीनों कैटेगरी लेवल I, लेवल II और लेवल III में 19 कैंसर अस्पतालों का भूमि-पूजन हुआ है, यह मेरे लिए आनंद का विषय है। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद असम की स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने का इससे बड़ा कदम कभी नहीं उठाया गया। उन्होंने टाटा ट्रस्ट के चेयरमेन एवं प्रसिद्द उद्योगपति श्री रतन टाटा को हृदय से धन्यवाद करते हुए कहा कि आजादी के पहले से लेकर आज तक, देश की मूलभूत समस्याओं को सुलझाने में टाटा ट्रस्ट हमेशा से आगे रहा है और देश को सर्वप्रथम मानते हुए उसने अपनी महती भूमिका अदा की है।

श्री शाह ने कहा कि असम में पिछले दो वर्ष से भारतीय जनता पार्टी की सरकार है, जबकि इससे पहले 15 वर्षों तक यहां कांग्रेस की सरकार रही, नॉर्थ-ईस्ट में भी ज्यादातर समय कांग्रेस की ही सरकारें रही। उन्होंने कहा कि आजादी के वक्त असम सहित पूरा नॉर्थ-ईस्ट हिंदुस्तान की जीडीपी में सबसे ज्यादा योगदान करता था, लेकिन कांग्रेस की सरकारों के कुशासन और विकास के प्रति उदासीनता के कारण देश की जीडीपी में नॉर्थ-ईस्ट का योगदान लगातार गिरता चला गया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश में आज फिर से एक ऐसा समय आया है जब असम सहित पूर्वोत्तर के लगभग सभी राज्यों में भाजपा सरकारों के कारण विकास की बयार चलनी शुरू हुई है जिससे नॉर्थ-ईस्ट फिर से देश की जीडीपी में अपने योगदान को गति प्रदान करने लगा है।

राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि असम में जब भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनी और राज्य की जनता ने विकास के लिए भाजपा को चुना तो देश और दुनिया में इस बात की चर्चा थी कि उत्तर-पूर्व के दुर्गम इलाकों का विकास कैसे होगा, लेकिन प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और असम के मुख्यमंत्री श्री सर्बानंद सोनोवाल के नेतृत्व में दो ही वर्षों में राज्य और देश की जनता में विश्वास का संचार हुआ कि असम भी एक विकसित राज्य बन सकता है और देश की जीडीपी में महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है।

श्री शाह ने कहा कि पिछले दो सालों में असम की भारतीय जनता पार्टी सरकार ने हर क्षेत्र में ऐतिहासिक डेवलपमेंट का काम कर दिखाया है चाहे वह कनेक्टिविटी की बात हो या फिर बुनियादी सुविधाओं राज्य के गरीब-से-गरीब व्यक्ति तक पहुंचाने की बात। उन्होंने कहा कि मेरा यह स्पष्ट मानना है कि रेल, रोड और आईटी कनेक्टिविटी को दुरुस्त किये बगैर विकास की कल्पना ही नहीं की जा सकती और भारतीय जनता पार्टी की राज्य सरकार की सबसे पहली प्राथमिकता कनेक्टिविटी ही रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में रेल, रोड और आईटी कनेक्टिविटी, बांग्लादेश के साथ बॉर्डर एग्रीमेंट, स्वास्थ्य सेवाओं की समुचित व्यवस्था, औद्योगिक विकास और शिक्षा सुधार के विजन के साथ उत्तर-पूर्व में विकास की परिकल्पना को राज्य की भाजपा सरकारें निरंतर साकार करने में लगी हुई हैं। उन्होंने कहा कि असम में इन्वेस्टमेंट समिट से भी विकास योजनाओं को मूर्त्त रूप देने में काफी कामयाबी मिली है।

भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनने के बाद से समग्र देश में स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार लाने के लिए 2017 में एक सुनियोजित आरोग्य नीति तैयार की गई और देश के 10 करोड़ परिवारों अर्थात् लगभग 50 करोड़ लोगों के लिए उच्चतम स्तर की हेल्थ फैसिलिटी का एक चक्र तैयार किया गया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी देश के गरीबों को स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं से निजात दिलाने के लिए आयुष्मान भारत की योजना लेकर आये, जिसके तहत देश के 10 करोड़ परिवारों अर्थात् लगभग 50 करोड़ लोगों को पांच लाख रुपये प्रतिवर्ष का स्वास्थ्य बीमा प्रदान किया जाएगा। इसके साथ ही जेनरिक दवाइयों के 6000 से अधिक स्टोर्स जन-साधारण को 400 से अधिक जीवन रक्षक दवाइयां 20% से 60% कम मूल्य में उपलब्ध करायी जा रही है।

असम में टाटा ट्रस्ट के सहयोग से 19 कैंसर अस्पतालों की आधारशिला रखे जाने पर श्री शाह ने असम के मुख्यमंत्री श्री सर्बानंद सोनोवाल और राज्य के स्वास्थ्य मंत्री श्री हेमंता बिस्वा शर्मा को हृदय से बधाई देते हुए कहा कि पहले असम से लगभग 30 हजार और पूरे नॉर्थ-ईस्ट से लगभग 60 हजार कैंसर से ग्रस्त पीड़ितों को इलाज के लिए प्रतिवर्ष दिल्ली या दूसरे शहरों में जाना पड़ता था। अब जबकि कैंसर से लड़ने के लिए थ्री लेयर सिस्टम असम में ही डेवलप हो रहा है तो यह न केवल असम बल्कि नॉर्थ-ईस्ट के सभी राज्य के लोगों के लिए यह जीवनदायिनी सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि इस वर्ष फरवरी में ही ये योजना तैयार की गई, आज भूमिपूजन भी संपन्न हो रहा है और जल्द ही इसे पूरा कर लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि ये 19 कैंसर अस्पताल निस्संदेह राज्य के लोगों में कैंसर से लड़ने और उसे परास्त करने के जज्बे को विकसित करेगी।

उन्होंने मुख्यमंत्री श्री सर्बानंद सोनोवाल, स्वास्थ्य मंत्री श्री हेमंता बिस्वा शर्मा और श्री रतन टाटा से आग्रह करते हुए कहा कि यदि इसी तरह पूर्वोत्तर के सभी राज्यों में कम-से-कम केंसर के लेवल I और लेवल II के एक-एक भी सेंटर बन जाएं और इसे लेवल I के अन्य सेंटरों से कनेक्ट कर दिया जाय, तो यह पूर्वोत्तर के लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण वरदान साबित हो सकेगा।

राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि केंद्र की भारतीय जनता पार्टी सरकार ने मिशन इन्द्रधनुष के जरिये दो साल में ही 18 करोड़ से अधिक तीन वर्ष से कम आयु के बच्चों का टीकाकरण कर उन्हें कई प्रकार के रोगों से मुक्त करने का काम किया है। उन्होंने कहा कि बच्चों के टीकाकरण का काम सालों पूर्व ही शुरू हो जानी चाहिए थी, लेकिन पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने इसे अनदेखा करते हुए बच्चों के स्वास्थ्य पर कोई ध्यान ही नहीं दिया।

मोदी सरकार द्वारा असम के विकास के लिए उठाये गए क़दमों की चर्चा करते हुए श्री शाह ने कहा कि 13वें वित्त आयोग में जहां कांग्रेस की सोनिया-मनमोहन सरकार ने असम को विकास के लिए महज 79,000 करोड़ रुपये ही दिए थे, वहीं 14वें वित्त आयोग में भारतीय जनता पार्टी की मोदी सरकार ने असम के विकास के लिए 1,45,000 करोड़ रुपये आवंटित किये हैं। इसके साथ-साथ असम को क्रूड ऑयल की रॉयल्टी के तौर पर 8,000 करोड़ रुपये अलग से दिए गए हैं। इसके अतिरिक्त अन्य केन्द्रीय योजनाओं में राज्य को लगभग 24,000 करोड़ रुपये अलग से दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि असम को कैम्पा फंड के तहत लगभग 100 करोड़, स्मार्ट सिटी के तहत 191 करोड़, स्वच्छ भारत योजना के लिए 33 करोड़, अर्बन ट्रांसपोर्टेशन के लिए 99 कोर्ड, प्रधानमंत्री आवास योजना में 400 करोड़, अटल मिशन में 591 करोड़ और नेशनल हाईवे के लिए 15,000 करोड़ रुपये मिले हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के तहत लगभग राज्य के हजारों युवाओं को रोजगार मिला है। उन्होंने कहा कि लगभग 4,000 करोड़ रुपये की लागत से डिब्रूगढ़ में ब्रह्मपुत्र नदी पर रोड कम रेल ब्रिज का निर्माण किया जा रहा है। राज्य में राष्ट्रीय राजमार्गों का नेटवर्क तैयार किया जा रहा है, आईटी कनेक्टिविटी भी बेहतर की जा रही है और बांग्लादेश तक रोड और पोर्ट कनेक्टिविटी के जरिये पूर्वोत्तर को विकास की मुख्यधारा में लाया जा रहा है।

भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने तय किया है कि हर 15 दिनों में कोई न कोई एक केन्द्रीय मंत्री पूर्वोत्तर के किसी-न-किसी राज्य में मौजूद रहेंगे और विकास कार्यों की समीक्षा करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में विकास को दिल्ली से नॉर्थ-ईस्ट लाने का काम भारतीय जनता पार्टी की विजनरी गवर्नमेंट ने कर दिखाया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का मानना है कि नॉर्थ-ईस्ट हिंदुस्तान के लिए अष्टलक्ष्मी का रूप है और निश्चित रूप से ये देश के विकास में अग्रणी भूमिका निभायेंगे।

श्री शाह ने असम की जनता और राज्य की भारतीय जनता पार्टी सरकार की ओर से श्री रतन टाटा को हार्दिक धन्यवाद देते हुए कहा कि टाटा ट्रस्ट ने राज्य के गरीब लोगों के लिए काफी सराहनीय कदम उठाया है। उन्होंने कहा कि मैं राज्य के मुख्यमंत्री श्री सर्बानंद सोनोवाल और स्वास्थ्य मंत्री श्री हेमंता बिस्वा शर्मा को भी हृदय से धन्यवाद देना चाहता हूं कि जो काम असम में 15 साल में कांग्रेस सरकार नहीं कर पाई, उसे भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने दो साल में कर दिखाया है।